Edited By suman prajapati, Updated: 19 Feb, 2026 10:59 AM

बॉलीवुड एक्टर राजपाल यादव हाल ही में तिहाड़ जेल से अंतरिम जमानत पर रिहा हुए हैं। वे लगभग 11 दिन जेल में बिताकर 17 फरवरी को रिहा हुए। वहीं, रिहाई के बाद एक्टर ने अपने पैतृक गांव पहुंचकर न्यूज एजेंसी पीटीआई से बातचीत की और जेल के अनुभव शेयर किए। इस...
मुंबई. बॉलीवुड एक्टर राजपाल यादव हाल ही में तिहाड़ जेल से अंतरिम जमानत पर रिहा हुए हैं। वे लगभग 11 दिन जेल में बिताकर 17 फरवरी को रिहा हुए। वहीं, रिहाई के बाद एक्टर ने अपने पैतृक गांव पहुंचकर न्यूज एजेंसी पीटीआई से बातचीत की और जेल के अनुभव शेयर किए। इस दौरान उन्होंने कैदियों की सुविधाओं और जेल व्यवस्था को लेकर कुछ सुझाव भी दिए, जिनमें एक मांग ने खास तौर पर ध्यान खींचा।
जेल में ‘स्मोकिंग जोन’ की मांग
पैतृक गांव में राजपाल यादव ने थोड़ी अजीब मांग रखी। एक्टर ने 'स्मोकिंग जोन' की डिमांड करते हुए कहा, 'मैं सिगरेट पीने की आदत को नहीं छोड़ पा रहा हूं। मैंने कई बार इसको छोड़ने की कोशिश की है। मुझे लगता है कि रेलवे स्टेशन और एयरपोर्ट की तरह जेल में भी स्मोकिंग जोन बनना चाहिए। हालांकि, मैं यहां धूम्रपान या तंबाकू सेवन का समर्थन नहीं कर रहा हूं, लेकिन देश में ये बिक रहा है और इससे अच्छा कारोबार चलता है। मेरे हिसाब से जेल में इसके लिए व्यवस्था होनी चाहिए।

जेल सिर्फ सजा नहीं, सुधार का स्थान भी
राजपाल यादव ने ये भी कहा कि जेल को केवल सजा देने के लिए ही नहीं बल्कि सुधार गृह के रूप में भी काम करना चाहिए। कैदियों को जेल में खुद को बदलने का सही अवसर मिलना चाहिए। इससे सजा खत्म होने पर वो अच्छा काम कर पाएंगे। इतना ही नहीं राजपाल ने ये भी बताया कि जो लोग अपनी गलतियों को सुधारना नहीं चाहते, उनके लिए कानून को अपनी सख्ती बरकरार रखनी चाहिए।
जेल जाने की वजह
यह मामला साल 2010 से जुड़ा है, जब राजपाल यादव ने एक कारोबारी से कर्ज लिया था। बताया जाता है कि वह तय समय पर रकम चुकाने में असमर्थ रहे और उनके द्वारा जारी किए गए कई चेक बाउंस हो गए। इसके बाद कारोबारी ने उनके खिलाफ कानूनी शिकायत दर्ज करवाई। मामले में बकाया राशि का भुगतान न होने के कारण एक्टर को अदालत के समक्ष सरेंडर करना पड़ा। बाद में उन्हें अंतरिम जमानत मिल गई और वह जेल से बाहर आ गए हैं।